UPI kya hai? यूपीआई की पूरी जानकारी हिन्दी मे

UPI kya hai? यूपीआई की पूरी जानकारी हिन्दी मे

UPI kya hai?

यूपीआई यानी यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस (Unified Payment Interface) पैसे भेजने का एक सिस्टम है। अभी तक NEFT, RTGS और IMPS सिस्टम के जरिए पैसा भेजा जाता रहा है। यूपीआई इनसे ज्यादा एडवांस्ड तरीका है। इस पेमेंट सिस्टम को इस तरह से बनाया गया है कि आम लोग भी इसे आसानी से इस्तेमाल कर सकें।

यूपीआई की खास बातें – 

स्मार्टफोन में काम करता है

यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस सिस्टम मोबाइल एप पर आधारित है। यानी ये इंटरनेट इस्तेमाल करने वाले स्मार्टफोन में काम करता है। यूपीआई को इस्तेमाल करने के लिए इंटरनेट से जुड़ा होना जरूरी है। फिलहाल यूपीआई एप एन्ड्रॉएड ऑपरेटिंग सिस्टम के लिए ही बनाया गया है। आपको पता ही होगा कि दुनिया के 80% फोन एन्ड्रॉएड ऑपरेटिंग सिस्टम का इस्तेमाल करते हैं। भविष्य में यूपीआई आईफोन और विंडोज ऑपरेटिंग सिस्टम में भी काम करेगा।

मोबाइल नंबर पर आधारित

यूपीआई पेमेंट सिस्टम आपके मोबाइल नंबर के जरिए आपके खाते की जानकारी लेता है। मोबाइल नंबर के जरिए ये पक्का करता है कि आप अपने ही खाते से जुड़ें। आप जानते ही होंगे कि आजकल सभी बैंक ग्राहकों से उनका मोबाइल नंबर मांगते हैं। यही नंबर उनके खाते से लिंक हो जाता है। यूपीआई इसी लिंक्ड मोबाइल के जरिए आपके खाते की जानकारी जुटाता है।
इसका मतलब ये भी है कि अगर आपने बैंक में अपना मोबाइल नंबर नहीं दिया है तो यूपीआई का फायदा नहीं ले पाएंगे। इतना ही नहीं अगर आप अपने स्मार्टफोन से अपना सिम निकाल लेंगे तो भी ये एप काम नहीं करेगा।

किसी भी खाते में पैसे भेजें

यूपीआई के जरिए आप देश में किसी भी बैंक खाते में पैसे भेज सकते हैं। ऐसा नहीं है कि अगर आप स्टेट बैंक के ग्राहक हैं तो सिर्फ स्टेट बैंक के ग्राहकों को ही पैसे भेज पाएंगे। बल्कि किसी भी बैंक के ग्राहक को पैसे भेजने की आजादी है

ढेरों यूपीआई एप

यूपीआई एक पेमेंट सिस्टम है और इसे किसी भी एप का हिस्सा बनाया जा सकता है। इसके बनाने वाली एजेंसी NPCI (National Payment Corporation) यूपीआई प्लेटफॉर्म का लाइसेंस देती है। बैंकों को ही यूपीआई सिस्टम का इस्तेमाल करने की इजाजत मिलती है। लेकिन बैंक चाहें तो अपने नाम पर कुछ और लोगों को यूपीआई का इस्तेमाल करने दे सकते हैं।
लचीले नियम की वजह से फिलहाल कई यूपीआई एप हैं। कुछ बैंकों ने अपने पुराने एप में ही यूपीआई सिस्टम को अपना लिया है। कुछ बैंक यूपीआई प्लेटफॉर्म वाला नया एप लेकर आए हैं। जैसे ICICI बैंक ने अपने पुराने एप iMobile में ही यूपीआई को मिला लिया है। वहीं एसबीआई ने नया एप एसबीआई पे (SBI Pay) लॉन्च किया है।

खाता नंबर बताने की जरूरत नहीं

यूपीआई की सबसे बड़ा खूबी है कि इसके जरिए पैसा भेजने के लिए बैंक खाता जानना जरूरी नहीं है। यानी अगर आपको किसी से पैसा चाहिए और आप उसे बैंक खाता नहीं बताना चाहते हैं तो यूपीआई का इस्तेमाल कीजिए। यूपीआई एप के जरिए आप बिना बैंक खाता जाने भी पैसा ट्रांसफर कर सकते हैं। दरअसल ये एप बैंक खाते के अलावा वर्चुअल पेमेंट एड्रेस (VPA) के जरिए भी पैसा ट्रांसफर करता है।

पैसा खाते में बना रहता है

आजकल मोबाइल वॉलेट भी खूब पापुलर हो रहे हैं। पेटीएम को तो आप जानते ही होंगे। ये वॉलेट भी पैसा भेजने के काम आते हैं। लेकिन यूपीआई इनसे ज्यादा फायदेमंद हैं क्योंकि यूपीआई का इस्तेमाल करने के लिए आपको खाते से पैसा हटाकर किसी वॉलेट में ट्रांसफर करने की जरूरत नहीं होती है। बल्कि अाप जब भी पैसा भेजते हैं तभी ये आपके खाते से निकलता है। यानी आपको ब्याज का नुकसान नहीं होता है। जबकि मोबाइल वॉलेट में पैसा डालना पड़ता है।

यूपीआई की सुरक्षा व्यवस्था

बहुत से लोग मोबाइल या इंटरनेट का इस्तेमाल करने से घबराते हैं। उन्हे ऑनलाइन ट्रांजैक्शन से फ्रॉड होने के डर सताता है। उनका डर लाजिमी भी है क्योंकि ऑनलाइन फ्रॉड की कई घटनाएं सुनाई पड़ती हैं। हालांकि ज्यादातर मामलों में ग्राहकों की लापरवाही होती है। वैसे यूपीआई में तीन स्तरों की सुरक्षा की गई है –

  • यूपीआई एप तभी आपके खाते से जुड़ पाएगा जब स्मार्टफोन में वही नंबर होगा जो आपके बैंक खाते में रजिस्टर है। यानी आपके फोन से ही ट्रांजैक्शन हो सकेगा
  • यूपीआई एप को खोलने के लिए भी एक पासवर्ड लगता है ये पासवर्ड सिर्फ आपको पता होना चाहिए।
  • आप जब किसी को पैसे भेजेंगे तो MPIN डालना होगा। ये चार अंकों का पिन होता है जो सिर्फ मोबाइल बैंकिंग में इस्तेमाल होता है। ध्यान रखें ये ATM पिन नहीं है। MPIN यूपीआई एप से ही generate किया जा सकता है।

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